झारखंड के चतरा जिले की पुलिस ने अवैध हथियारों के साथ तीन युवकों को गिरफ्तार किया। पुलिस का कहना है कि बड़ी वारदात की साजिश को अंजाम से पहले ही रोक दिया गया। गिरफ्तारियां शनिवार, 7 नवंबर 2026 को की गईं।
गिरफ्तार किए गए तीनों युवकों की पहचान मेदवाडी गांव के मुकेश कुमार, भोरिदिह गांव के नीतीश कुमार और मदारपुर गांव के अभिषेक कुमार के रूप में हुई है। पुलिस ने बताया कि तीनों कुंदा थाना क्षेत्र के रहने वाले हैं। मुकेश कुमार तोखलाल यादव के बेटे हैं, नीतीश कुमार लखन यादव के बेटे हैं और अभिषेक कुमार चंद्रिका यादव के बेटे हैं।
सदर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सनी वर्धन ने बताया कि पुलिस अधीक्षक अनिमेष नथानी को गुप्त सूचना मिली थी कि आपराधिक पृष्ठभूमि वाले दो से चार युवक अवैध हथियारों के साथ बड़ी वारदात की योजना बना रहे हैं। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर सदर एसडीपीओ के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी दल बनाया गया।
तीनों से क्या-क्या बरामद हुआ
पुलिस ने इनके पास से दो देसी पिस्तौल, एक सामान्य पिस्तौल, तीन जिंदा कारतूस, तीन मोबाइल फोन और 3,500 रुपये नकद बरामद किए। छापेमारी के दौरान यह बरामदगी हुई।
बरामद सामान से लगता है कि यह समूह किसी गंभीर वारदात को अंजाम देने की तैयारी में था। पुलिस ने कहा कि मोबाइल फोन की जांच की जाएगी, ताकि पता चल सके कि तीनों किसके संपर्क में थे और वे ठीक क्या योजना बना रहे थे।
दो आरोपियों पर पहले से दर्ज हैं मामले
एसडीपीओ के अनुसार, नीतीश कुमार के खिलाफ सदर थाने में पहले से एक प्राथमिकी, मामला संख्या 192/25, दर्ज है। मुकेश कुमार के खिलाफ कुंदा, प्रतापपुर, लावालौंग और मनातू थानों में छह मामले दर्ज हैं।
पुलिस ने कहा कि दोनों के खिलाफ पहले से दर्ज मामले बताते हैं कि वे इस गिरफ्तारी से पहले भी पुलिस की जानकारी में थे। तीसरे आरोपी अभिषेक कुमार को भी उसी अभियान में गिरफ्तार किया गया।
सूचना ने समय रहते रोकी योजना
चतरा झारखंड के उत्तर छोटानागपुर प्रमंडल में है और बिहार की सीमा के पास स्थित है। पुलिस ने कहा कि जब जिला पुलिस प्रमुख को गुप्त सूचना मिली, तो विशेष दल ने कार्रवाई की और साजिश को अंजाम से पहले रोक दिया।
पुलिस ने कहा कि तीनों युवकों से आगे की पूछताछ जारी है, ताकि पता चल सके कि कौन सी वारदात की योजना थी और क्या इसमें कोई और लोग भी शामिल थे। रिपोर्ट के प्रकाशन के समय तक कोई और गिरफ्तारी नहीं हुई थी।