सरदार वल्लभभाई पटेल की विरासत को लेकर राजनीतिक विवाद शनिवार को और गहरा गया, जब कांग्रेस ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर पलटवार किया। कांग्रेस नेता सलमान खुर्शीद ने शाह पर सरदार पटेल की छवि खराब करने का आरोप लगाया और कहा कि ऐसी टिप्पणियों के पीछे की मंशा समझ से परे है।

खुर्शीद ने कहा कि देश के इतिहास में सरदार पटेल का योगदान बेहद अहम है और उनके नाम पर की जाने वाली इस तरह की बयानबाजी से पटेल की छवि प्रभावित होती है और उनके प्रति लोगों के सम्मान को ठेस पहुंचती है। यह विवाद तब शुरू हुआ जब शाह ने राष्ट्रीय एकता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि कांग्रेस ने कई वर्षों तक सरदार साहब को उनके कर्मों के आधार पर उचित सम्मान नहीं दिया और हमेशा उन्हें भुलाने का काम किया, साथ ही कहा कि सूर्य के तेज को ढका नहीं जा सकता।

खुर्शीद का पलटवार

खुर्शीद ने कहा कि इस तरह के बयानों का मकसद समझना मुश्किल है। उनका तर्क था कि पटेल का नाम राजनीतिक बयानबाजी में घसीटने से सिर्फ उस नेता की प्रतिष्ठा को नुकसान होता है, जिनकी देश के एकीकरण में भूमिका से कोई इनकार नहीं कर सकता। कांग्रेस नेता के जवाब ने श्रद्धांजलि के मौके को पटेल की विरासत पर पुरानी बहस के नए दौर में बदल दिया।

इंदिरा गांधी को पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि

उसी दिन खुर्शीद ने पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी को भी उनकी पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि दी। उन्होंने इंदिरा गांधी के नेतृत्व और देश के लिए उनके योगदान की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने देश के साथ-साथ अपने बाद आने वाले प्रधानमंत्रियों के लिए भी कई मानदंड और मिसालें कायम कीं। आज के दौर में किसी भी नेता के लिए उनकी उपलब्धियों से आगे निकलना बेहद मुश्किल होगा।

खुर्शीद ने कहा कि विश्व इतिहास में ऐसे बहुत कम प्रधानमंत्री हुए हैं, जिन्होंने किसी नए राष्ट्र की नींव रखने में इतनी अहम भूमिका निभाई हो। इंदिरा गांधी का नेतृत्व और देश के लिए उनका योगदान ऐतिहासिक रहा है। उनके कार्यकाल में लिए गए कई फैसलों का असर देश की राजनीति और विकास पर लंबे समय तक दिखाई दिया।