उत्तर प्रदेश के उन्नाव में पुलिस का कहना है कि हाईवे किनारे फेंके गए एक बड़े लोहे के बक्से के अंदर मिले शव की हत्या का मामला उसने खोज के 12 घंटे के भीतर सुलझा लिया है और मृतक की पत्नी समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया है. मृतक की पहचान सोनू के रूप में हुई है. पुलिस ने बताया कि हत्या 19 और 20 अक्टूबर की दरमियानी रात में हुई और एक नाबालिग को भी संरक्षण में लिया गया है.
हाईवे किनारे लोहे के बक्से में मिला शव
20 अक्टूबर को कोतवाली सदर पुलिस को हाईवे किनारे एक संदिग्ध बक्सा पड़े होने की सूचना मिली और टीम मौके पर पहुंची. बक्सा खोला गया तो उसके अंदर चादर और कंबल में लपेटा एक शव मिला और पुलिस को शुरू से ही हत्या का शक हुआ.
शव की पहचान सोनू के रूप में होने के बाद उसके भाई आशु की शिकायत पर कोतवाली सदर थाने में मामला दर्ज किया गया. वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने स्वाट यूनिट, सर्विलांस टीम और कोतवाली पुलिस के कर्मियों को मिलाकर पांच टीमें बनाईं और मामला जल्द से जल्द सुलझाने के निर्देश दिए.
सीसीटीवी फुटेज से पुलिस लोडर तक पहुंची
पुलिस ने उस जगह के आसपास लगे कैमरों की सीसीटीवी फुटेज खंगाली जहां बक्सा मिला था. फुटेज में एक छोटा लोडर गदन खेरा की ओर से एक बड़ा बक्सा ले जाता दिखा और कुछ समय बाद वही गाड़ी बिना बक्से के लौटती नजर आई.
रास्ते में लगे कैमरों की फुटेज से पुलिस को गाड़ी का रजिस्ट्रेशन नंबर मिला और जांच उसे लोडर के पंजीकृत मालिक तक ले गई. पुलिस का कहना है कि इसी कड़ी ने मामला खोला और टीम आरोपियों तक पहुंची.
पुलिस के अनुसार हत्या कैसे की गई
पुलिस का आरोप है कि सोनू की हत्या उसकी पत्नी नेहा ने जितेंद्र सिंह के साथ मिलकर की. पुलिस के अनुसार दोनों ने सोनू पर सिल बट्टे, जिसे स्थानीय भाषा में बट्टा या लोढ़ा कहते हैं, से हमला किया और फिर उसके मुंह पर कंबल दबाकर दम घोंट दिया. पुलिस का कहना है कि घटनाओं के सही क्रम की जांच अब भी चल रही है.
पुलिस ने बताया कि हत्या के बाद शव को चादर और कंबल में लपेटकर बड़े लोहे के बक्से में रखा गया. आरोप है कि नेहा ने कमरा खाली करने और घर का सामान दूसरी जगह ले जाने के बहाने 1,200 रुपये में लोडर किराए पर लिया था. बक्सा 25 वर्षीय सहयोगी तौहीद की मदद से गाड़ी पर लादा गया और हाईवे किनारे फेंक दिया गया.
प्रेस वार्ता में एसपी ने क्या कहा
"नेहा, जितेंद्र सिंह और तौहीद को गिरफ्तार किया गया है, जबकि एक नाबालिग को संरक्षण में लिया गया है. अपराध में कथित तौर पर इस्तेमाल सिल बट्टा, लोहे का बक्सा और लोडर भी बरामद कर लिया गया है," पुलिस अधीक्षक जयप्रकाश सिंह ने बुधवार रात प्रेस वार्ता में कहा.
पुलिस लोडर के पंजीकृत मालिक और उसके चालक की संभावित भूमिका की भी जांच कर रही है. एक ही दिन में कथित हथियार, बक्सा और गाड़ी की बरामदगी के साथ साथ सीसीटीवी की कड़ी को ही पुलिस अपने मामले की रीढ़ बता रही है.
दंपति के बीच विवाद, पुलिस को बताए अनुसार
पुलिस ने बताया कि आगे की पूछताछ में सामने आया कि दंपति के बीच विवाद समय के साथ बढ़ गया था. आरोप है कि नेहा ने पुलिस को बताया कि सोनू नशे का आदी था और दोनों के बीच अक्सर बहस और झगड़े होते थे. ये पूछताछ के दौरान किए गए दावे हैं, जैसा पुलिस ने बताया है, और इनकी अदालत में जांच नहीं हुई है.
पुलिस के अनुसार नेहा ने जांचकर्ताओं को बताया कि उसकी पहली शादी करीब 23 साल पहले हुई थी. वह करीब सात से आठ साल पहले सोनू के संपर्क में आई और बाद में दोनों ने शादी कर ली.
आगे क्या होगा
गिरफ्तार तीनों आरोपियों को अदालत में पेश किया जाएगा और पुलिस का कहना है कि लोडर मालिक और चालक की भूमिका समेत आगे की जांच जारी है. संरक्षण में लिए गए नाबालिग पर किशोर न्याय प्रक्रिया के तहत कार्रवाई होगी. पोस्टमार्टम के नतीजे और अदालती कार्यवाही की जानकारी आने पर यह खबर अपडेट की जाएगी.