मध्य प्रदेश की एक खाली राज्यसभा सीट ने इस अटकल को हवा दी है कि क्या आगामी उपचुनाव प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के केंद्रीय मंत्रिमंडल में किसी नए चेहरे की राह खोल सकता है। पूर्व केंद्रीय मंत्री एल मुरुगन के इस्तीफे के बाद चुनाव आयोग ने उपचुनाव का कार्यक्रम घोषित कर दिया है। मतदान 12 नवंबर 2026 को होगा और उसी दिन गिनती भी होगी, जबकि BJP ने अभी तक अपना उम्मीदवार आधिकारिक रूप से घोषित नहीं किया है।
मुरुगन के इस्तीफे से खाली हुई सीट
एल मुरुगन ने 13 अक्टूबर 2026 को केंद्रीय मंत्रिपरिषद और अपनी राज्यसभा सदस्यता से इस्तीफा दे दिया था, जो 14 अक्टूबर को स्वीकार कर लिया गया, जिससे मध्य प्रदेश की यह सीट खाली हो गई। वे सूचना और प्रसारण तथा संसदीय कार्य राज्य मंत्री थे। प्रधानमंत्री मोदी को लिखे पत्र में मुरुगन ने कहा था कि वे तमिलनाडु में BJP को जमीनी स्तर पर मजबूत करने पर ध्यान देना चाहते हैं और 2029 के लोकसभा चुनाव से पहले पार्टी संगठन को अधिक समय देना चाहते हैं।
12 नवंबर के उपचुनाव का पूरा कार्यक्रम
चुनाव आयोग 26 अक्टूबर को अधिसूचना जारी करेगा और नामांकन दाखिल करने की आखिरी तारीख 2 नवंबर है। नामांकन पत्रों की जांच 3 नवंबर को होगी और नाम वापस लेने की आखिरी तारीख 5 नवंबर है। मतदान 12 नवंबर को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक होगा, उसी दिन शाम 5 बजे से गिनती शुरू होगी और चुनाव प्रक्रिया 16 नवंबर तक पूरी करनी होगी। राज्यसभा सदस्यों का चुनाव राज्य विधानसभा के निर्वाचित सदस्य करते हैं, इसलिए नतीजे में मध्य प्रदेश विधानसभा की राजनीतिक संरचना अहम रहेगी।
मंत्रिमंडल की अटकलें, आधिकारिक पुष्टि नहीं
घोषणा के बाद अटकलें लग रही हैं कि BJP किसी ऐसे नेता को चुन सकती है जिसे भविष्य में केंद्रीय मंत्रिमंडल में भी जगह मिल सकती है और कुछ राजनीतिक चर्चा दक्षिण भारत के किसी नेता के नामांकन की संभावना पर भी केंद्रित है। मध्य प्रदेश के किसी स्थानीय नेता को उतारने की संभावना भी खुली है, क्योंकि राज्य में BJP सरकार है और विधानसभा में उसका बड़ा बहुमत है। इनमें से किसी बात की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। राज्यसभा सदस्य बनना और केंद्रीय मंत्री बनना अलग प्रक्रियाएं हैं, क्योंकि मंत्री की नियुक्ति प्रधानमंत्री की सलाह पर राष्ट्रपति करते हैं। अब सबकी नजर 2 नवंबर की नामांकन सीमा से पहले BJP के उम्मीदवार की घोषणा पर है।